Gold Silver Rate : गुरुवार को देशभर के बुलियन बाजारों में वह हलचल देखी गई जिसने निवेशकों का रुख एक बार फिर कीमती धातुओं की ओर मोड़ दिया। सोना और चांदी दोनों ही नए रिकॉर्ड स्तरों को छूते नजर आए। दिनभर की तेज खरीदारी और अंतरराष्ट्रीय बाजार से मिल रहे मजबूत संकेतों ने कीमतों को अचानक ऊपर धकेल दिया। ऐसा माहौल बना कि दुकानों पर सुबह से ही निवेशक रेट जानने के लिए कतार में दिखाई दिए।
इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन के ताजा आंकड़े बताते हैं कि 24 कैरेट सोना 808 रुपए की छलांग लगाकर 1,28,596 रुपए प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया जो अब तक के हालिया उच्च स्तरों में शामिल है। 22 कैरेट की कीमत 1,17,794 रुपए प्रति 10 ग्राम दर्ज की गई जबकि 18 कैरेट सोना 96,447 रुपए प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। दामों में यह तेजी सिर्फ घरेलू सौदों का नतीजा नहीं है बल्कि वैश्विक रुझान भी इसी दिशा में इशारा कर रहे हैं।
चांदी ने तो सोने से भी तेज रफ्तार दिखाई। सिर्फ 24 घंटे में 2,793 रुपए की उछाल के बाद चांदी पहली बार 1,88,281 रुपए प्रति किलो के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गई। इस अचानक बढ़ोतरी ने ज्वेलरी कारोबारियों के साथ-साथ छोटे निवेशकों को भी हैरान कर दिया क्योंकि चांदी पिछले कुछ महीनों से स्थिरता के बाद अब लगातार मजबूत रेस में दिख रही है।
हाजिर बाजार के साथ-साथ वायदा कारोबार में भी यही रुख देखने को मिला। फरवरी 2026 के गोल्ड कॉन्ट्रैक्ट में 0.68 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई और कीमत 1,30,680 रुपए पर पहुंच गई। वहीं मार्च 2026 के चांदी कॉन्ट्रैक्ट में 2.43 प्रतिशत की जोरदार तेजी आई और रेट 1,93,317 रुपए हो गया। यह संकेत हैं कि आने वाले दिनों में धातुओं का बाजार अभी और सक्रिय रहने वाला है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी माहौल तेजी के पक्ष में है। सोना 0.51 प्रतिशत बढ़कर 4,246.75 डॉलर प्रति औंस और चांदी 2.53 प्रतिशत बढ़कर 62.59 डॉलर प्रति औंस पर ट्रेड हो रही है। अमेरिका में ब्याज दरों में 25 आधार अंकों की कटौती के बाद यह पहली बड़ी प्रतिक्रिया मानी जा रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि जब ब्याज दरें घटती हैं तो सोने-चांदी जैसे धातुओं को पकड़े रखने की लागत कम हो जाती है, जिससे नया निवेश तेजी से बढ़ता है। साथ ही कमजोर डॉलर ने भी वैश्विक खरीद को और सस्ता बनाते हुए इस रैली को मजबूत किया है।
जियोजित इन्वेस्टमेंट लिमिटेड के हरिश वी के मुताबिक, अमेरिकी फेडरल रिजर्व के फैसले ने आने वाले महीनों में कीमती धातुओं के लिए साफ तौर पर बुलिश ट्रेंड खोल दिया है। मार्केट में यह भी चर्चा है कि अगर डॉलर इंडेक्स कमजोर रहने का यह सिलसिला जारी रहा, तो सोना और चांदी निकट भविष्य में एक और हाई बना सकते हैं।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि यह तेजी सिर्फ स्पॉट रेट्स तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि त्योहारी सीजन नजदीक होने से रिटेल खरीद भी बढ़ सकती है, जिससे दामों में और मजबूती देखने को मिल सकती है। निवेशकों के लिए यह संकेत है कि आने वाले सप्ताह बेहद निर्णायक साबित हो सकते हैं।
World Desk Verified Public Figure • 28 Feb, 2026Editor
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